Aaj-kal log jyadatar Adult Shayari bhi padte hai,issi ko dekhte huye kuch Adult Shayari prastut ki jaa rhi hai aap sabhi ke liye.Thanks
Adult Shayari
Aaj-kal log dil nhi pyar bhi
Zism dekhkar hi karte hai
आज-कल लोग दिल नही प्यार भी
ज़िस्म देखकर ही करते है
ज़िस्म देखकर ही करते है
Do ruho ke beech me milan hota hai
ज़िस्म वो मोहरा है जिसके जरिये
दो रूहों के बीच में मिलन होता है
दो रूहों के बीच में मिलन होता है
Ka me pujaari nhi chahta kuch karna
To kar leta kab ka
Kya tere sath maine ratein gujari nhi
तमन्ना नहीं जिस्म की क्योकि हवश
का में पुजारी नही चाहता कुछ करना
तो कर लेता कब का
क्या तेरे साथ मैंने रातें गुजारी नहीं
का में पुजारी नही चाहता कुछ करना
तो कर लेता कब का
क्या तेरे साथ मैंने रातें गुजारी नहीं
Humara chand bhi sharma gaya
Jaise hi vo mahfil me aai
Pura mahol hi garma gaya
आसमान में चांद को देखकर
हमारा चाँद भी शरमा गया
जैसे ही वो महफ़िल में आई
पूरा माहौल ही गरमा गया
हमारा चाँद भी शरमा गया
जैसे ही वो महफ़िल में आई
पूरा माहौल ही गरमा गया
Chand ki chamak bhi fiki lagti hai
Jab chalti hai tu dharti par
To pariyo jaisi dikhti hai
तेरे हुस्न के आगे
चाँद की चमक भी फीकी लगती है
जब चलती है तू धरती पर
तो परियो जैसी दिखती है
चाँद की चमक भी फीकी लगती है
जब चलती है तू धरती पर
तो परियो जैसी दिखती है
Ab mohabbat ki kimat lagne lagi
Guno par koi dyan nhi deta
Husn ko dekhkar logo ki
Niyat fisalne lagi
इस जालिम दुनिया में
अब मोहब्बत की कीमत लगने लगी
गुणों पर कोई ध्यान नहीं देता
हुस्न को देखकर लोगो की
नियत फिसलने लगी
अब मोहब्बत की कीमत लगने लगी
गुणों पर कोई ध्यान नहीं देता
हुस्न को देखकर लोगो की
नियत फिसलने लगी
Ruh se karna
Par zism ki sugand unhe apni
Taraf kheench hi leti hai
चाहते तो है लोग मोहब्बत
रूह से करना
पर जिस्म की सुगंद उन्हें अपनी
तरफ खींच ही लेती है
रूह से करना
पर जिस्म की सुगंद उन्हें अपनी
तरफ खींच ही लेती है
Bachpan me hi sikh liya
Lekin kishi ki kamjori ka fayda
Udana abhi tak na sikh sake
मौकों का फायदा उडाना तो
बचपन में ही सीख लिया
लेकिन किसी की कमजोरी का फायदा
उड़ाना अभी तक ना सिख सके
बचपन में ही सीख लिया
लेकिन किसी की कमजोरी का फायदा
उड़ाना अभी तक ना सिख सके
Jamana badal jayega
Tere dekhne ka nazariya
Aur pemana badal jayega
तू अपने को बदल ले
जमाना बदल जायेगा
तेरे देखने का नजरिया
और पैमाना बदल जायेगा
जमाना बदल जायेगा
तेरे देखने का नजरिया
और पैमाना बदल जायेगा











